ख़ुद पीड़ित होकर हर्जाना माँगें तो 12315 (चीन की उपभोक्ता शिकायत हेल्पलाइन), मुक़दमे या वकील का रास्ता लें; सामने वाले के बताए स्थान पर अकेले न जाएँ, और «पैसे दो» और «मैं बात नहीं फैलाऊँगा» को एक शर्त बनाकर न कहें
- काफ़ी फ़ायदेमंद
- सबूत B
- आज़ादी
- मुफ़्त
- कुछ मिनट
- थोड़ी इच्छाशक्ति
आसान शब्दों में
ख़ुद पीड़ित होकर नुक़सान पहुँचाने वाले से हर्जाना माँगना क़ानूनी अधिकार है, इसलिए सिर्फ़ «माँग ज़्यादा है» कहने भर से यह अपने-आप ब्लैकमेल (敲诈勒索) नहीं बन जाता। लेकिन इसकी क़ीमत बड़ी हो सकती है: गुओ लि (郭利) को पहले ब्लैकमेल के अपराध में 5 साल की सज़ा सुनाई गई, बाद में पुनर्विचार (再审) में बरी घोषित हुआ। इसलिए ऐसे रास्ते लें जिनमें सबूत बने, सामने वाले के बताए स्थान पर अकेले मिलने न जाएँ, और «पैसे दो तो मैं नहीं बताऊँगा» जैसी शर्त मुँह से न निकालें।
इनमें ज़िक्र
- संबंध या नग्न वीडियो कॉल के बाद कोई पुलिस में शिकायत, फ़ोटो भेजने या दफ़्तर को बताने की धमकी देकर पैसे माँगे, तो एक पैसा न दें, कोई रिकॉर्ड न मिटाएँ और सीधे पुलिस को बताएँ
- हिरासत या गिरफ़्तारी के बाद केस वापस लिया जाए, मुक़दमा न चले या बरी हो जाएँ, तो राज्य से मुआवज़ा (国家赔偿) माँगें, जिसमें हर दिन के हिसाब से पैसा मिलता है
चीनी मूल से अनुवादित। मूल किताब, भाग 8, सलाह 36. यह भाग क़ानूनी नियमों के बारे में है, ज़्यादातर मुख्यभूमि चीन के। यह सामान्य जानकारी है, क़ानूनी सलाह नहीं। सामग्री पुरानी हो सकती है और नियम जगह-जगह अलग होते हैं। कोई काम करवाते, इलाज कराते या मुक़दमा लड़ते समय सरकारी विभाग, डॉक्टर या वकील की बात मानें। अस्वीकरण